‘बिहार बदलाव यात्रा’ के तहत जन सुराज अभियान के सूत्रधार प्रशांत किशोर आज नालंदा और नवादा के एक दिवसीय दौरे पर हैं। उन्होंने नालंदा जिले के एकंगसराय स्थित श्री सुखदेव हाई स्कूल मैदान में आयोजित एक बड़ी जनसभा को संबोधित किया।
सभा के बाद मीडिया से बात करते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर सीधा हमला बोला। प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया कि चुनाव से पहले नीतीश कुमार झूठे नियुक्ति पत्र बांट रहे हैं, जबकि अब बिहार की जनता बदलाव चाहती है और अफसरशाही के राज से मुक्ति चाहती है। उन्होंने कहा कि इस बार नालंदा की जनता, जो नीतीश कुमार का गृह जिला है, भी उन्हें बाय-बाय कहने को तैयार बैठी है।
तेजस्वी यादव पर भी निशाना साधते हुए किशोर ने तीखी टिप्पणी की। उन्होंने कहा, “तेजस्वी का कलम बांटना ऐसा है जैसे जंगल में शेर दूध बांट रहा हो।” उन्होंने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव कलम के नहीं बल्कि कट्टा वालों के प्रतिनिधि हैं और बिहार को बर्बाद करने की राह पर ले जा सकते हैं।
सभा में प्रशांत किशोर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी कटाक्ष किया। उन्होंने कहा, “वोट बिहार के लोगों का है, तो फैक्ट्रियां भी बिहार में लगनी चाहिए, गुजरात में नहीं।” जब उन्होंने लोगों से पूछा कि फैक्ट्री गुजरात में लगे या बिहार में, तो सभा में मौजूद लोगों ने एक स्वर में कहा कि अब फैक्ट्री बिहार में लगनी चाहिए।
सभा के दौरान प्रशांत किशोर ने लोगों से पूछा, “क्या आप नीतीश कुमार को फिर से मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं?” इस पर हजारों लोगों ने हाथ उठाकर जवाब दिया – “बाय-बाय।” उन्होंने कहा, “अगर इस बार प्रधानमंत्री मोदी भी नीतीश कुमार के लिए वोट मांगने आएं, तो भी उन्हें वोट नहीं देना चाहिए।”
अंत में प्रशांत किशोर ने कहा कि इस बार बिहार में न लालू का, न नीतीश का, न मोदी का राज होना चाहिए, बल्कि जनता का राज स्थापित होना चाहिए।